Spinal Cord Injury Day 2026 : दिल्ली में व्हीलचेयर रैली और जागरूकता अभियान, दिल्ली में 350 से ज्यादा लोगों ने निकाली व्हीलचेयर रैली, चोटों से बचाव का दिया संदेश। 22 नेशनल स्पाइन केयर सोसाइटी और श्री बालाजी एक्शन मेडिकल इंस्टीट्यूट ने बेहतर इलाज और रिहैबिलिटेशन पर दिया जोर।
स्पाइनल कॉर्ड इंजरी डे 2026 और नेशनल इंजरी प्रिवेंशन वीक के चौथे आयोजन में 500 से ज्यादा लोगों ने हिस्सा लेकर जागरूकता का संदेश दिया। इनमें 100 से अधिक व्हीलचेयर यूजर्स व्हीलचेयर स्पोर्ट्स रैली में शामिल हुए, वहीं आगे भी कल्चरल प्रोग्राम, इनक्लूसिव हेल्थ चेक-अप कैंप व व्हीलचेयर रैली का आयोजन किया जाएगा। इसमें स्पाइनल कॉर्ड इंजरी से प्रभावित लोगों के साथ डॉक्टर, हेल्थकेयर प्रोफेशनल्स, केयरगिवर्स, छात्र, वॉलंटियर्स और आम लोगों ने भी भागीदारी की। श्री बालाजी एक्शन मेडिकल इंस्टीट्यूट ने इन आयोजनों के साथ पूरे सप्ताह हुए अन्य केंद्रीय कार्यक्रमों में भी हेल्थकेयर सपोर्ट उपलब्ध कराने में अपना योगदान दिया।
Spinal Cord Injury Day 2026 : 5 सितंबर को हुई व्हीलचेयर रैली
5 सितंबर को आयोजित व्हीलचेयर रैली कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रही। इसमें 350 से ज्यादा लोगों ने हिस्सा लिया। इनमें 100 व्हीलचेयर यूजर्स और 250 अन्य प्रतिभागी शामिल थे। रैली का उद्देश्य लोगों को चोटों से बचाव, सभी के लिए बेहतर सुविधाओं और समाज में समान भागीदारी के प्रति जागरूक करना था। रैली सुबह 10:30 बजे खालसा कॉलेज से शुरू हुई और दिल्ली यूनिवर्सिटी के नॉर्थ कैंपस स्थित सेंट स्टीफंस कॉलेज में जाकर समाप्त हुई।
View this post on Instagram
आयोजन में शामिल सोसाइटियां और सहयोग
यह कार्यक्रम डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ हेल्थ सर्विसेज (डीजीएचएस), स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। स्पाइनल कॉर्ड इंजरी से बचाव और बेहतर इलाज के लिए 22 नेशनल स्पाइन केयर सोसाइटी एक साथ आईं। इनमें स्पाइनल कॉर्ड सोसाइटी, एसोसिएशन ऑफ स्पाइन सर्जन्स ऑफ इंडिया, स्पाइन वेलनेस एंड केयर फाउंडेशन और हाम्सा रिहैब आयोजन में शामिल रहीं, जबकि 18 अन्य सोसाइटी ने सहयोग किया। श्री बालाजी एक्शन मेडिकल इंस्टीट्यूट ने पूरे सप्ताह हुए इन कार्यक्रमों और अन्य केंद्रीय आयोजनों में हेल्थकेयर सपोर्ट दिया। साथ ही, सभी 22 सोसाइटी ने देश के अलग-अलग हिस्सों में भी स्पाइनल कॉर्ड इंजरी से बचाव और जागरूकता के लिए कार्यक्रम आयोजित किए।
6 सितंबर के कार्यक्रम: हेल्थ चेक-अप, स्पोर्ट्स और कल्चरल प्रोग्राम
कार्यक्रम के तहत 6 सितंबर को नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल (एनसीडीसी) ऑडिटोरियम में सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक इनक्लूसिव हेल्थ चेक-अप कैंप लगाया जाएगा। इसमें व्हीलचेयर यूजर्स और अन्य प्रतिभागियों की स्वास्थ्य जांच के साथ डॉक्टरों से सलाह की सुविधा मिलेगी। इसके बाद दोपहर 2 बजे से 3:30 बजे तक व्हीलचेयर स्पोर्ट्स आयोजित होंगे। इनमें व्हीलचेयर टेबल टेनिस, बोच्चिया, व्हीलचेयर रेसिंग और व्हीलचेयर हर्डल्स जैसी प्रतियोगिताएं होंगी। वहीं, शाम 3:30 बजे से 5:30 बजे तक कल्चरल प्रोग्राम होगा, जिसमें व्हीलचेयर डांस और प्रोफेशनल व्हीलचेयर स्टंट का प्रदर्शन किया जाएगा। इन कार्यक्रमों के जरिए व्हीलचेयर यूजर्स की प्रतिभा और हिम्मत को सामने लाने के साथ समाज में समान भागीदारी का संदेश दिया जाएगा। साथ ही, यह बताया जाएगा कि खेल और सामुदायिक सहयोग रिहैबिलिटेशन और बेहतर जीवन में किस तरह मददगार हो सकते हैं। कार्यक्रम का लाइव प्रसारण भी किया जाएगा, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इससे जुड़ सकें।

डॉ. हरविंदर सिंह छाबड़ा का संदेश
श्री बालाजी एक्शन मेडिकल इंस्टीट्यूट के स्पाइन एंड रिहैबिलिटेशन सेंटर के चीफ, स्पाइनल कॉर्ड सोसाइटी के प्रेसिडेंट, स्पाइन वेलनेस एंड केयर फाउंडेशन के चेयरमैन और नेशनल इंजरी प्रिवेंशन वीक के कोऑर्डिनेटर डॉ. हरविंदर सिंह छाबड़ा ने कहा कि, “जागरूकता बढ़ाने और सुरक्षित तरीकों को अपनाने से स्पाइनल कॉर्ड की कई चोटों से बचा जा सकता है। अगर चोट लगती है तो समय पर इलाज, सही रिहैबिलिटेशन और लगातार सहयोग से व्यक्ति दोबारा सम्मान और आत्मनिर्भरता के साथ जीवन जी सकता है। उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य चोटों से बचाव के साथ ऐसा बेहतर माहौल तैयार करना है, जिससे स्पाइनल कॉर्ड इंजरी से प्रभावित लोग भी सार्थक और खुशहाल जीवन जी सकें।“
रोड सेफ्टी पर विशेष जोर
Spinal Cord Injury Day 2026 : अभियान में रोड सेफ्टी पर भी खास जोर दिया गया। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) के अनुसार, वर्ष 2021 में सीट बेल्ट नहीं लगाने के कारण हुए सड़क हादसों में 16,397 लोगों की जान गई। इनमें 8,438 ड्राइवर और 7,959 यात्री शामिल थे। यह आंकड़ा बताता है कि सड़क पर सीट बेल्ट जैसे जरूरी सुरक्षा उपायों को अपनाना कितना महत्वपूर्ण है।

नेशनल इंजरी प्रिवेंशन वीक की गतिविधियां
नेशनल इंजरी प्रिवेंशन वीक की शुरुआत 1 सितंबर से हुई। पहले दिन “स्पाइनल कॉर्ड इंजरी से बचाव” और “यस, वी कैन” विषय पर ऑनलाइन पोस्टर और स्लोगन प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। वहीं, 2 सितंबर को श्री बालाजी एक्शन मेडिकल इंस्टीट्यूट की स्पाइन टीम ने चोटों से बचाव को लेकर नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया।
3 सितंबर को स्पाइनल कॉर्ड इंजरी को लेकर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। इनमें जागरूकता वार्ता, इनक्लूसिव डांस और व्हीलचेयर से जुड़ी गतिविधियां शामिल रहीं। इसके साथ ही “स्पाइनल कॉर्ड इंजरी से प्रभावित लोगों का जीवन खुशहाल, सार्थक और बेहतर कैसे बनाया जाए” विषय पर विशेषज्ञों ने पैनल चर्चा की। 4 सितंबर को “द पावर ऑफ द माइंड” विषय पर वेबिनार हुआ, जिसमें स्पाइनल कॉर्ड इंजरी के बाद मानसिक मजबूती, मनोवैज्ञानिक सुधार और नई परिस्थितियों के साथ खुद को ढालने पर चर्चा की गई।
Also Read This : National Injury Prevention Week 2026: डॉ. हरविंदर सिंह छाबड़ा ने कहा- चोट से बचाव जरूरी, समय पर इलाज और रिहैबिलिटेशन से बदल सकती है जिंदगी
Spinal Cord Injury Day 2026 : एक सप्ताह तक चलने वाले इस आयोजन का समापन 7 सितंबर को इंजरी प्रिवेंशन पर वेबिनार के साथ होगा। इसमें चोटों से बचाव, समय पर इलाज, रिहैबिलिटेशन और लगातार सामाजिक सहयोग की जरूरत पर जोर दिया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य स्पाइनल कॉर्ड इंजरी से प्रभावित लोगों के इलाज और जीवन को बेहतर बनाना तथा उन्हें समाज में सम्मान के साथ पूरी तरह भागीदारी का अवसर देना है।
