Sonam and Raja Raghuvanshi Mystery : इंदौर के कारोबारी राजा रघुवंशी और उनकी पत्नी सोनम की कहानी ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। हनीमून के लिए मेघालय गए इस जोड़े की कहानी में एक ऐसा भयानक मोड़ आया, जिसने सबको हैरान कर दिया। राजा की हत्या और सोनम के लापता होने की गुत्थी 17 दिन बाद सुलझी, लेकिन जो सच्चाई सामने आई, उसने इस मामले को और सनसनीखेज बना दिया। आइए, इस हत्याकांड की पूरी कहानी को विस्तार से समझते हैं।

हनीमून की शुरुआत और दुखद अंत
23 मई 2025 को राजा रघुवंशी और उनकी नई-नवेली पत्नी सोनम हनीमून के लिए मेघालय पहुंचे थे। यह खूबसूरत हिल स्टेशन उनकी जिंदगी के सबसे यादगार पलों का गवाह बनने वाला था, लेकिन किसे पता था कि यह यात्रा एक भयानक हत्याकांड में बदल जाएगी। कुछ दिनों बाद राजा की लाश एक खाई में मिली, जबकि सोनम लापता हो गई। इस घटना ने मेघालय पुलिस को तुरंत हरकत में ला दिया, और एक बड़े पैमाने पर जांच शुरू हुई।
17 दिन बाद गाजीपुर में सोनम का मिलना
राजा की हत्या के बाद सोनम का कोई सुराग नहीं मिल रहा था। पुलिस ने उसे ढूंढने के लिए कई राज्यों में तलाशी अभियान चलाया। आखिरकार, 17 दिन बाद एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ। सोनम उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले में एक ढाबे पर मिली। गाजीपुर पुलिस ने उसे हिरासत में लिया और प्राथमिक जांच के बाद उसे वन स्टॉप सेंटर भेज दिया। इसके बाद मेघालय पुलिस को सूचना दी गई, जिसने इस मामले में तेजी से कार्रवाई शुरू की।

Sonam and Raja Raghuvanshi : मेडिकल जांच में सोनम की हालत
जब सोनम की मेडिकल जांच की गई, तो वह बेहद परेशान और विचलित नजर आई। जांच के दौरान वह कई बार रो पड़ी और सवालों का जवाब देने से बचती रही। एक समय तो वह सिर झुकाकर बेड पर बैठ गई, जिससे जांच कर रहे डॉक्टर और पुलिस अधिकारी भी हैरान रह गए। उसकी इस मानसिक स्थिति ने कई सवाल खड़े कर दिए। क्या वह सदमे में थी, या फिर कुछ छुपा रही थी?
चौंकाने वाला खुलासा: सोनम ने दी थी सुपारी
मेघालय पुलिस की जांच में एक सनसनीखेज खुलासा हुआ। पुलिस ने पाया कि राजा की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि सोनम ने करवाई थी। मेघालय की डीजीपी एल. आर. बिशोई ने बताया कि सोनम ने शिलांग में ही एक शख्स को राजा की हत्या की सुपारी दी थी। इस मामले में सोनम सहित पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पूछताछ में यह भी सामने आया कि यह हत्या एक सुनियोजित साजिश का हिस्सा थी।







